क्या आप जानते SIP Kya Hai, अक्सर आपने बाजार में Investment करने के अनेकों तरीके देखें होंगे! शायद आप कुछ तरह के Plan में अपना निवेश भी कर रहे होंगे!

एसआईपी अर्थात निवेश प्लान है! Mutual Fund, Share Market, Bombay Stock Exchange, National Stock Exchange स्टॉक में पैसा लगाकर हमारा पैसा सेव होगा या नहीं, कहीं पैसा डूब तो नहीं जायेगा। आज के समय में अब यह डर धीरे धीरे लोगों के दिमाग से निकलता जा रहा है!

क्योंकि आज का समय इंटरनेट का है इसलिए लोग ऑनलाइन सारी जानकारी को कुछ ही समय में प्राप्त कर सकते हैं जिससे उन्हें एक सही दिशा मिल जाती है!

तो आइये आज के इस पोस्ट में हम जानेंगे एसआईपी क्या है? (SIP kya hai) एसआईपी में निवेश कैसे करें?

sip kya hai
SIP kya hai / sip meaning in Hindi

विषय - सूची

फुल फॉर्म ऑफ़ एसआईपी – Full-Form of SIP in Hindi

SIP Full Form SIP का Full Form Systematic Investment Plan होता हैं! SIP का हिंदी में Full Form व्यवस्थित निवेश योजना होता है! इसमें निवेश की अवधि साप्ताहिक, मासिक, त्रैमासिक व छमाही होता है।

कम Fund से एसआईपी में निवेश की शुरुआत की जा सकती है! यह उन लोगों के लिए जरूरी है जिनको वित्तीय बाजारों की ज्यादा जानकारी नहीं है!

आइये जानते हैं एसआईपी क्या होता है SIP meaning in Hindi

एसआईपी क्या है – SIP Meaning in Hindi

मुख्यतः SIP (Systematic Investment Plan) Mutual Fund में निवेश का एक ऐसा साधारण Plan है! जिसमें इकठ्ठा पैसा न देकर समय समय पर छोटी राशि के साथ पैसों की व्यवस्थ्तित रूप से बचत की जा सकती है!

बचत का समय एक सप्ताह, मासिक, तीन महीने में होता है। SIP प्लान में  समय समय पर बचत राशि को निकलकर या Online Mutual Fund में निवेश किया जाता है। पिछले कई सालो में Mutual Fund का कद काफी बढ़ चुका है!

जिसकी वजह से SIP के माध्यम से लोगों में निवेश करने की रूचि भी बड़ी है!यह जरूरी नहीं होता Market में एक बड़ी राशि के साथ ही आप निवेश कर सकते हैं। इससे आप पर बड़ा बोझ भी पड़ सकता है!

इसी बोझ को कम करने के लिए SIP Plan के अंतर्गत Investment (निवेश) किया जाता है! Mutual Fund के अंतर्गत SIP में निवेश NAV के अनुसार होता है। जिसका full form Net Asset Value होता हैं!

एनएवी क्या है – NAV in Hindi

Mutual Fund के अंतर्गत SIP में निवेश एनएवी यानि Net Asset Value के अनुसार होता है। एनएवी का अर्थ हुआ Mutual Fund की 1 यूनिट का मूल्य, जिस तरह शेयर बाजार में 1 Share के हिसाब से निवेश किया जाता है।

उसी तरह यहां भी 1 यूनिट से निवेश शुरू किया जाता है। एनएवी हर दिन बदलती रहती है! जब देश की आर्थिक बाजार में तेजी आएगी तो Mutual Fund की एनएवी भी ज्यादा होगी! जब बाजार में गिरावट आएगी तो एनएवी के अंकों में भी गिरावट आएगी!

SIP उन लोगों के लिए बहुत महत्वपूर्ण है जो मध्यम परिवार से ताल्लुक रखते हैं वो छोटी राशि के साथ निवेश कर सकते हैं जिन्हें निवेश की ज्यादा जानकारी भी नहीं रहती है!

अगर SIP को एक साधारण भाषा में परिभाषित करें तो SIP कम निवेश के साथ ज्यादा मुनाफा कमाने का एक आसान तरीका है! जिसमें एक लम्बी अवधि में हम ज्यादा Saving कर सकते हैं!

निवेशक जब अपनी SIP के अंदर किश्त भरता है! तो Mutual Fund Farm आपको NAV के आधार पर निवेश के लिए चयनित की गयी स्कीम की इकाई में वर्गीकृत कर देता है!

SIP में जोखिम भी होता है इस तरह long Term तक आप मुनाफा पाने का एक अच्छा अवसर पा सकते है! SIP Plan यह भी सुनुश्चित करता है की निवेशकों के लिए बाजार में होने वाले अच्छे फायदों का कोई मौका छूट न पाए!

आइये एक उदहारण के तौर पर समझते हैं

माना किसी Mutual Fund की NAV अभी 20 रूपये है और आप 1000 रूपये निवेश करते हैं! यहां पर आपके इस निवेश के बाद आपको उस निवेश की कुल 50 यूनिट दे दी जाएँगी!

Units Allot = 1000 / 20 = 50 Units

अगर Mutual Fund की NAV बढ़ती है तो आपके निवेश में भी बढ़ोतरी होगी!

माना 1 साल के बाद 1 यूनिट्स की NAV 30 रूपये हो जाती है तो अब

50 *30 =1500 यानि जो Units आपने 1000 में खरीदी थी उनका मूल्य अब 1500 हो चुका है!

तो इस तरह से आपका पैसा Groth करता है। जिससे आप अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं!

एसआईपी रिस्क क्या है – SIP Risk in Hindi

सिप में Risk kya hai: SIP में कुछ Risk भी होते है जिनसे आपको बच के भी रहना है! आइये जानते हैं ये Risk क्या हैं!

  • सिप में लम्बे समय के लिए कम राशि से निवेश होता है! इसलिए इसमें Risk कम देखा जाता है!
  • अगर कभी SIP में आपका Investment का स्तर गिरा तो वहां पर आपको खतरा हो सकता है!
  • आपको बाजार के Basic व्यवहार के साथ चलना होगा! ऐसे में कम मूल्य पर आपका जमा किया हुआ निवेश खत्म या शून्य भी हो सकता है!
  • किसी भी एक कंपनी का Grade गिरने से Mutual Fund के Unit के मूल्य पर प्रभाव पड़ता है!
  • अगर कोई कपंनी किसी Payments को लेकर Bonds Holders से किसी तरह का धोखा करती है! तो Default Risk भी हो सकता है!

कहीं पर कोई तकनीकी व्यवस्था में दिक्कत जैसी समस्याओं का सामना आपको करना पड़ सकता है! किन्तु आज के समय में सारा Process Electronic Mood में परिवर्तित हो चुका है!

SIP की भारत में स्थिति

भारत में ECS के द्वारा SIP में आवर्ती भुगतान किया जाता है! कई Mutual Fund Equity से जुड़े बचत योजनाओं का लाभ निवेशक तक Online Information पहुँचाते है! भारत में बड़े वित्तीय बाजारों में एसआईपी की पकड़ काफी मजबूत है!

भारत में नौकरी पेशा लोगों के लिए यह काफी फायदेमंद रहा है! सिमित बजट होने के बावजूद भी मध्यम परिवार छोटी छोटी बचत कर सकता है!

SIP Benefits in Hindi (फायदे)

1. Small Investment

SIP में छोटी राशि को आप जरुरत हो तो निकल सकते हो। लम्बे समय तक काम राशि आपको अचछा रिटर्न दे सकती हैं! जिससे आपको आगे भी निवेश करने में आसानी होगी।

2. Power Compounding

SIP में निवेश के साथ मिलने वाला रिटर्न को भी आप निवेश में लगा सकते है। जिससे आपको Power Compounding का भी फायदा मिलेगा!

बाजार में अगर गिरावट दर्ज होती है तो वहां पर आपको ज्यादा यूनिट्स Allot होंगी। यहां पर आप जयादा निवेश कर सकते हैं और अगर मार्केट में उछाल आएगा तो आपको कम यूनिटस Allot होंगी।

यहां पर आप ना के बराबर निवेश करिये इससे आपकी Total Cost Average संतुलन में आ जायेगा और आगे जब मार्किट में बदलाव आएगा तो आपको अच्छे रिटर्न मिलने के अवसर ज्यादा होते हैं क्योंकि आपकी यहां पर Cost कम है।

3. Disciplined Investing

SIP में निवेश करने का एक बड़ा फायदा है। Disciplined Investing इसके अंतर्गत आप नियमों के अनुसार निवेश करते हैं। बड़े Investors का यह मानना है कि पहले आप Saving करें उसके बाद उसको खर्चा करें।

अगर आप Disciplined में अपने खर्चे करेंगे तो आपको कोई भी Financial Problem नहीं आएगी!

4. Tax में छूट

SIP में निवेश करने में जमा राशि को निकलने या जमा करने में कोई भी Tax का भुगतान नहीं करना होता है! जहां पर टैक्स में छूट मिलने वाली स्कीम  होती है उनमें अक्सर Lock in Period भी होता है।

5. एसआईपी में पैसा निकलने की सुविधा

ज्यादातर SIP प्लान में Lock in Period नहीं होता है। यह वह समय होता है जिसमें आप अपना पैसा जमा करने की समय अवधि पूरी होने के बाद ही निकाल सकते हैं! निवेशक अपनी जरूरत के अनुसार प्लान को Close या दोबारा Open कर सकते हैं।

एसआईपी के नुकसान

  • बढ़ते बाजार में अक्सर कम रिटर्न और लाभ का मिलना!
  • SIP प्लान के मध्य अंतराल में इकट्ठा भुगतान करना!
  • ज्यादा Farm होने के कारण असमंजस की Situation होना!
  • नियमित आय का उपयुक्त साधन हर समय न होना!

एसआईपी में निवेश कैसे करें?

आज के समय में आप बिना किसी Paper Work के SIP में निवेश कर सकते हैं। आप ET Money की App से आसानी से निवेश  कर सकते हैं! ET money के अलावा और भी कई App हैं जिनकी सहायता से आप कुछ समय में निवेश की शरुआत कर सकते हैं।

मोबाईल App में Fund का चयन करने का भी Option रहता है! निवेश करते समय अक्सर आपसे दो सवाल भी पूछे जाते हैं!

पहला- आप कितनी लम्बी अवधि के लिए SIP में निवेश करना चाहते हैं! आप Short Term, Medium Term और Long Term जिसका भी चयन आपको करना है आप कर सकते हैं!

दूसरा- अब सवाल यह पूछा जाता है की आप कितना Risk लेना चाहते हैं! आपको इसका मालूम होना चाहिए की आप कितना Risk ले सकते हैं! आप किसी भी नजदीकी Mutual Fund Farm में भी Visit कर सकते हैं! Farm की वेबसाइट पर कर भी आप Online निवेश शुरू कर सकते हैं।

Conclusion [ निष्कर्ष ]

आज के इस Hindi पोस्ट में हमने जाना की SIP क्या है (SIP kya hai) SIP की Full Form क्या है, एसआईपी में Investment (निवेश) कैसे करें? और साथ ही साथ हमने जाना की SIP में Investment करने से हमें क्या क्या फायदे और नुकसान हो सकते हैं!

आशा करता हूँ आपको हमारे इस ब्लॉग के माध्यम से SIP के बारे में पूरी जानकारियां मिली होंगी! यदि आपको हमारी यह पोस्ट पसंद आयी तो इसे अपने दोस्तों और रिश्तेदारों में जरूर शेयर करे ताकि उन्हें भी निवेश करने के इस बेहतरीन तरीके के बारे जानकारी हो!

अगर आपके पास इस पोस्ट से संबधित कोई सवाल या सुझाव हो तो कृपया हमें निचे कमेंट करके जरूर अवगत कराये! आप हमारे इस ब्लॉग को Subscribe कर सकते हैं!

हमें आपके सहयोग की आवश्यकता है ताकि भविष्य में हम इस तरह की अनेकों जानकारियां लाते रहें!

- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here